सर्वोच्च न्यायालय के ऐतिहासिक निर्णय

फैसले ने विशाखा को कामकाजी महिलाओं के यौन उत्पीड़न को रोकने के लिए दिशा-निर्देश दिए।

इसने माना कि यौन उत्पीड़न महिलाओं की गरिमा और संविधान के अनुच्छेद 14, 15 (1), और (2) का उल्लंघन है।

बाद में संसद ने “कार्यस्थल पर महिलाओं का यौन उत्पीड़न (रोकथाम, निषेध और निवारण) अधिनियम 2013” तैयार किया।

राष्ट्रीय मेडिकल आयोग (National medical commission: NMC)

NMC की स्थापना राष्ट्रीय आयुर्विज्ञान आयोग अधिनियम (NMC अधिनियम) 2019 के अंतर्गत की गई है जिसके द्वारा भारतीय आयुर्विज्ञान अधिनियम 1956 को निरस्त कर दिया गया है

सिविल सर्विसेज़ बोर्ड (Civil Services Board : CSB)

उच्चतम न्यायालय ने ‘टी. एस. आर. सुब्रमण्यम और अन्य बनाम भारत संघवाद’ में एक महत्वपूर्ण फैसला देते हुए राज्य सरकारों तथा को यह आदेश दिया कि वे एक सिविल सर्विसेज बोर्ड (Civil Services Board : CSB) का गठन करें। ताकि नौकरशाहों के स्थानांतरण (Transfer), पदोन्नति की प्रक्रम (Promotion Process), पदस्थापन (Posting), सजा (punishment), पुरस्कार (reward), जांच व अनुशासनात्मक कार्यवाही (Disciplinary Action) जैसे विषयों का बेहतर ढंग से प्रबंधन किया जा सके। इस प्रकार इससे सरकारी कार्यों में सुशासन, पारदर्शिता और जवाबदेही निश्चित हो सकेगी।

एनआरआई-ओसीआई-पीआईओ मे अंतर

ये भारतीय नागरिक ही हैं जो साधारण: भारत के बाहर निवास करता है और जिसके पास भारतीय पासपोर्ट है।

संविधान का बुनियादी ढांचा (सिद्धांत)

भारतीय संविधान की मूल संरचना (या सिद्धांत), केवल संवैधानिक संशोधनों पर लागू होती है जो यह बताती है कि संसद, भारतीय संविधानके बुनियादी ढांचे को नष्ट या बदल नहीं सकती है।
संविधान की मूल संरचना (सिद्धांत) के सम्बन्ध में उच्चतम न्यायालय के कई महत्वपूर्ण निर्णय हैं।
संविधान की आधारभूत संरचना का तात्पर्य संविधान में निहित उन प्रावधानों से है, जो संविधान और भारतीय राजनीतिक और लोकतांत्रिक आदर्शों को प्रस्तुत करता है। संविधान के 24वें संशोधन पर विचार करते समय न्यायालय ने निर्णय दिया कि विधायिका अनु. 368 के तहत संविधान की मूल संरचना को नहीं बदल सकती।
संविधान, संसद और राज्य विधान मंडलों या विधानसभाओं को उनके संबंधित क्षेत्राधिकार के भीतर कानून बनाने का अधिकार देता है।

IAS PT Solved 2020- Indian Polity

Q19.   Rajya Sabha has equal powers with Lok Sabha in            (a)  the matter of creating new All India Services            (b)  amending the Constitution            (c)  the removal of … Read More

Political Science: Glossary

Anarchy – Absence of government, emphasized by realism in explaining the nonexistence of any overarching governing power in international politics Anomic group – An interest group with minimal organization Apolitical … Read More

एक राष्ट्र एक चुनाव

एक राष्ट्र, एक चुनाव’ का विचार बहुत अच्छा विचार है। व्यापक जनहित में यह बहुत उपयोगी होगा। हालांकि, कुछ संवैधानिक बाधाएं हो सकती हैं।
किसी विशेष दिन सभी चुनाव कराने के लिए, लोकसभा और राज्य विधानसभाओं की शर्तों को इस तरह से संकलित किया जाना चाहिए कि चुनाव एक निश्चित समय के भीतर हो सकें। इसके लिए संवैधानिक संशोधनों की जरूरत होगी।

स्वतंत्रता दिवस 2021 : पुरस्कारों की घोषणा:

राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर सशस्त्र बलों, पुलिस और अर्धसैनिक बलों के जवानों को 144 वीरता पुरस्कारों को मंजूरी दी है। इनमें-

अक्षम वाहनों के लिए स्क्रैप पॉलिसी शुरू

इस नई स्क्रैप पॉलिसी के तहत 15 और 20 साल पुरानी गाड़ियों को स्क्रैप (कबाड़) कर दिया जाएगा। निजी गाड़ी जहां 20 साल बाद कबाड़ घोषित हो सकेगी वहीं कमर्शियल गाड़ी के लिए यह समय सीमा 15 साल है।

ई-रुपया डिजिटल भुगतान (e-Rupi Digital Payment)

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारतीय अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाने और इसके तहत होने वाले लेन-देन को सुरक्षित बनाने के उद्देश्य से पिछले सात वर्षों में कई क्रांतिकारी व युगान्तकारी कदम उठा चुके हैं। “ई-रुपया” डिजिटल पेमेंट सिस्टम उनमें से एक और बिल्कुल नया है। इसके लिए लोगों को इंटरनेट बैंकिंग या कार्ड आदि की जरूरत नहीं होगी। पीएम मोदी ने इसे लोगों तक सरकारी सेवाओं का फायदा पहुंचने के लिए लॉन्च किया है। यह देश की अपनी डिजिटल करेंसी के रूप में भारत का पहला कदम है। ई-रुपया की लांचिंग से देश में डिजिटल पेमेंट्स में डिटिजल करेंसी को लेकर कितनी क्षमता है, इसका आकलन किया जा सकेगा।

भारत में महिला आरक्षण का मुद्दा और इसके विभिन्न आयाम

भारत दुनिया के उन देशों में शामिल है जहां संसद और विधान सभाओं में महिलाओं का प्रतिनिधित्व न के बराबर है ।  आम तौर पर हर समाज में महिलाओं की संख्या आबादी का आधा होती है । भले ही पिछले सालों में भारत में यह अनुपात गिरता गया हो,  अभी  भी उनकी संख्या 45 प्रतिशत से हर हाल में ज्यादा है ।  वहीं भारतीय संसद में महिलाओं का हिस्सा सिर्फ 11.4 प्रतिशत है ।

समान नागरिक सहिंता ( Uniform Civil Code )

देश के प्रमुख धार्मिक समुदायों के ग्रंथों, रीति-रिवाज़ो और मान्यताओं के आधार पर बनाए गए व्यक्तिगत कानूनों के स्थान पर भारत के सभी नागरिकों के लिये एक समान संहिता बनाने को ही यूनिफार्म सिविल कोड यानी समान नागरिक संहिता कहते हैं। यूनियन सिविल कोड का अर्थ एक निष्पक्ष कानून है, जिसका किसी धर्म से कोई ताल्लुक नहीं है।

ड्राफ्ट मानव तस्करी निरोधक बिल -2021

महिला एवं बाल कल्याण मंत्रालय (MINISTRY OF WOMEN & CHILD DEVELOPMENT) ने व्यक्तियों की तस्करी (रोकथाम, देखभाल और पुनर्वास) विधेयक, 2021 के लिए सुझाव और टिप्पणियां आमंत्रित कीं हैं। विधेयक (जिसे अब संसद में पेश किए जाने से पहले अनुमोदन के लिए कैबिनेट को भेजा जाएगा) में कहा गया है कि अवैध व्यापार के अपराधों की प्रकृति (nature of offenses) के साथ-साथ इन अपराधों के पीड़ितों की प्रकृति (victims of these offenses) के दायरे में वृद्धि हुई है, इसलिये आजीवन कारावास सहित कठोर दंड के साथ, और यहां तक ​​कि चरम प्रकृति (Extreme Nature) के मामलों में मृत्युदंड का सुझाव दिया गया है।

छोटे राज्यों के पक्ष-विपक्ष में तर्क, क्या बड़े राज्यों का विभाजन उचित है?

क्या छोटे राज्य बड़े राज्यों से बेहतर हैं? यह कभी न खत्म होने वाली बहस है। सत्ताधारी सरकार राज्य के गठन पर क्या निर्णय लेती है? राज्यों के विलय या विभाजन के कुछ फायदे और नुकसान क्या हैं? इस मामले में कौन से कारक योगदान करते हैं? इस बारे में सोचने से पहले हमें थोड़ा पीछे जाना चाहिए और भारतीय राज्यों के इतिहास, राजनीति और उनके गठन के बारे में जानना चाहिए।

किन आधारों पर चुनाव परिणाम को न्यायालय में चुनौती दी जा सकती है?

क्या है मामला?• पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री सुश्री ममता बनर्जी ने नंदीग्राम निर्वाचन क्षेत्र के विधानसभा चुनाव परिणाम को कलकत्ता उच्च न्यायालय में चुनौती देते हुए में एक चुनावी याचिका दायर … Read More

वैक्सीन मैत्री की कूटनीति : भारत (वैक्सीन डिप्लोमेसी ऑफ़ इंडिया)

कोरोना महामारी के काल में “वैक्सीन कूटनीति” एक चर्चित शब्द के रूप में उभरा है। वास्तव में विश्व स्तर पर कई वैक्सीन बनाये गए हैं क्योंकि संक्रमण को रोकने का … Read More

Indian Polity PT Solved (IAS & PCS) 2nd Edition

मोदी युग मे भारत की विदेश नीति

प्रधान मंत्री मोदी के काल में भारत की विदेश नीति अंतरराष्ट्रीय राजनीति में राष्ट्र इकाई होते हैं और राष्ट्र प्रमुख अपने देश के प्रतिनिधि। ऐसे में देश का प्रतिनिधित्व करने … Read More

Difference between Money Bill and Finance Bill

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